dayra

Saturday, 14 January 2012

An Expressed Wish : खबर !


कुछ कदमों का साथ था उसका !!सबसे प्यारा अंदाज था उसका  !!



हे इश्वर! ये गुस्ताखी  ही सही पर क्या मै पूछ  लू !
कोई  मेरा  जो  अब तेरे  आशियाने  में  रहता  है !
मेरे  सपनों  के  सागर  में  बहता  है !
पुछु तो होगी नादानी न पुछु तो बेईमानी लगता है !
वो कैसा है  की खुश तो है ; तुझे  कुछ तो कहता है !



साये में जगत पिता के है,सोच कर मै चैन की नींद लेता हूँ !
वो चमकती आँखें देखना चाहूँ मै आँखें मूंद लेता हूँ !
आये जो पलकों पर उससे पहले ही आशुओं में सपने गुंद लेता हूँ!

हे  खुदा ! उसकी  नजरों  में  ही  रहना ;
वो  अपनों  को  न  पाकर  जरा  मायुश  रहता  है !
अगर  कर  दे  कोई  खता  तो  मुझे  देना  बता
सजा  के   लिए  तेयार  रहता  हूँ !

हे  इश्वर  ये  गुस्ताखी  ही  सही  पर  क्या  मै  पूछ  लू 
वो  है  जरा  नटखट  , कभी  नाहक  नाराज  होता  है !
वो  मुझसे  तो  न  छुपाता  था  कुछ  भी ;
क्या  तेरा   भी  हमराज  होता  है 
उसे  हर  बात  को  मनवाने  की  आदत  है ; रूठ  कर !
क्या  वहा  भी  रूठ  जाता  है !
एक सवाल है वो पूछता है जो   
तुझे उससे प्यार है कितना, बता देना वो कहे जितना 

हे  इश्वर  ये  गुस्ताखी  ही  सही  पर  क्या  मै  पूछ  लू 
वो कैसा  है  की  खुश  तो  है !
वो  तुझे  कुछ  तो  कहता  है !


सुना है तेरी गौद में किसी को किसी की याद नहीं आती है !!
पर उसे कहना तू चुपके से वो मेरे मन से नहीं जाती  है !!

उससे   कहना  मज़े  मे  है  हम ,बस  ज़रा यादें सताती है !!
उसकी दुरी का गम नहीं मुझे ,बस ज़रा आँखे भीग जाती है !!

31 comments:

  1. वो है जरा नटखट , कभी नाहक नाराज होता है !
    वो मुझसे तो न छुपाता था कुछ भी ;
    क्या तेरा भी हमराज होता है
    उसे हर बात को मनवाने की आदत है ; रूठ कर !
    क्या वहा भी रूठ जाता है !
    एक सवाल है वो पूछता है जो
    तुझे उससे प्यार है कितना, बता देना वो कहे जितना bst lines... ( KOI KITNI DOOR HO KAR BHI HAMESHA HAMARE PASS HOTA H, HAMESHA USKA EHSAS HOTA H ) SOO NICE POEM

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  2. excellent...
    i'm touched deeply..
    वो मुझसे तो न छुपाता था कुछ भी ;
    क्या तेरा भी हमराज होता है
    उसे हर बात को मनवाने की आदत है ; रूठ कर !
    क्या वहा भी रूठ जाता है !
    एक सवाल है वो पूछता है जो
    तुझे उससे प्यार है कितना, बता देना वो कहे जितना

    very very nice.

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  3. बहुत अच्छी सुंदर प्रस्तुति,बढ़िया अभिव्यक्ति रचना अच्छी लगी.....
    new post--काव्यान्जलि : हमदर्द.....
    समर्थक बन गया हूँ आप भी बने खुशी होगी,....

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  4. सुना है तेरी गौद में किसी को किसी की याद नहीं आती है !!
    पर उसे कहना तू चुपके से वो मेरे मन से नहीं जाती है !!bahut achchi prastuti.

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  5. उससे कहना मज़े मे है हम ,बस ज़रा यादें सताती है !!
    man ke dard byan karti post hae/

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  6. सुना है तेरी गौद में किसी को किसी की याद नहीं आती है !!
    पर उसे कहना तू चुपके से वो मेरे मन से नहीं जाती है !!...बहुत बढ़िया

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  7. Waah!!! Bahut hi sundar....Bhavpurn...

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  8. उससे कहना मज़े मे है हम ,बस ज़रा यादें सताती है
    उसकी दुरी का गम नहीं मुझे ,बस ज़रा आँखे भीग जाती है ...

    बहुत खूब ... उनका हाल वो भी ऊपर वाले से .. बहुत ही भावपूर्ण है आपकी कल्पना ... मज़ा आ गया अशोक जी ...

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  9. ashok jee aapne bda achcha vishleshan kiya meri jrurat ho tum ka thanks again.

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  10. hai khuda uski najaro me rahna----------reading this my heart melt eyes started raining.

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  11. ASHOK JI APNE TO APNI SARTHAK AUR SACHHI ANUBUTION KO BIKHER DIYA HAI ........BADHAI.

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  12. .... प्रशंसनीय रचना खूबसूरत। काव्य कौशल की झलक प्रभावशाली है

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  13. वाह बहुत मासूम प्रार्थना है ऊपर वाले से... बहुत सुंदर भाव...

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  14. अच्छी प्रस्तुति .वर्तनी सुधारें .रचना अच्छी है .

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  15. वा‍ह ..बहुत खूब ..

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  16. bahut hi khoobsoorat bhavon se guthee kavita rachi hai aapne badhai

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  17. बहुत ख़ूबसूरत और भावपूर्ण प्रस्तुती! बढ़िया लगा!

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  18. बहुत सुंदर भाव से लिखी गई कविता...

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  19. kya baat haiii ,,,,,,,,,,,,

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  20. एकदम मासूमियत भरी रचना.....वाह !!!!

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  21. bahut hi khoobsurati se sneh ko shabd diye hain, man bheeg gya

    shubhkamnayen

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  22. यादों में ....मासूमियत से भरे मासूम सवाल !
    शुभकामनाएँ!

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  23. अलग अंदाज़ ...
    शुभकामनायें आपको !

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  24. बहुत सार्थक अभिव्यक्ति सुंदर रचना,
    new post...वाह रे मंहगाई...

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  25. बहुत सुंदर कविता। मन को छू गयी । मेरे पोस्ट पर आपका स्वागत है । धन्यवाद ।

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  26. SUNDAR RACHANA KE LIYE FIR SE BADHAI ......MERE NAYE POST PR AMANTRAN SWEEKAREN.

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  27. "वो मुझसे तो न छुपाता था कुछ भी
    क्या तेरा भी हमराज होता है"

    बहुत सुंदर

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  28. सुंदर प्रस्तुति .. बधाई

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